Faridabad/Alive News: भारत निर्वाचन आयोग ने 1 जुलाई 2026 को अर्हता तिथि मानकर चलाए जा रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यक्रम का संशोधित कार्यक्रम जारी किया है। इसके तहत अब मतदाता सूची से संबंधित दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2026 कर दी गई है। पहले निर्धारित समय सीमा के मुकाबले नागरिकों को अब अधिक समय दिया गया है।
उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी आयुष सिन्हा ने जिले के सभी पात्र नागरिकों से अपील की है कि वे मतदाता सूची में अपना नाम, पता और अन्य विवरण समय रहते जांच लें। उन्होंने कहा कि जिन पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में दर्ज नहीं है या जिनके विवरण में किसी तरह की गलती है, वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत 30 सितंबर तक दावा या आपत्ति दर्ज करा सकते हैं।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि प्राप्त दावे और आपत्तियों के संबंध में नोटिस जारी करने तथा उनके निपटारे की प्रक्रिया 28 अक्टूबर 2026 तक पूरी की जाएगी। इसके बाद भारत निर्वाचन आयोग के संशोधित कार्यक्रम के अनुसार अंतिम मतदाता सूची 6 नवंबर 2026 को प्रकाशित की जाएगी।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों और बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) को संशोधित कार्यक्रम का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि पुनरीक्षण कार्यक्रम की जानकारी जिले के प्रत्येक पात्र नागरिक तक पहुंचे।
आयुष सिन्हा ने कहा कि प्रत्येक पात्र नागरिक को मतदाता सूची में अपना नाम और अन्य विवरण अवश्य जांचना चाहिए। यदि नाम दर्ज नहीं है, नाम या पते में त्रुटि है अथवा किसी प्रविष्टि को लेकर दावा या आपत्ति है, तो निर्धारित समय सीमा के भीतर आवश्यक प्रक्रिया पूरी करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि सटीक, स्वच्छ और अद्यतन मतदाता सूची लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूत नींव है। प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम सही विवरण के साथ मतदाता सूची में दर्ज होना जरूरी है। उन्होंने नागरिकों से विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम में सक्रिय सहयोग करने और अपने मताधिकार से जुड़ी जानकारी को सही एवं अद्यतन रखने की अपील की।

