Faridabad/Alive News: श्री महारानी वैष्णो देवी मंदिर में नवरात्रि के सातवें दिन मां दुर्गा के सप्तम स्वरूप मां कालरात्रि की भव्य पूजा-अर्चना श्रद्धा एवं उत्साह के साथ की गई। मंदिर संस्थान के प्रधान जगदीश भाटिया ने प्रातःकालीन आरती का शुभारंभ कराया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।
इस अवसर पर लखानी अरमान ग्रुप के अध्यक्ष के.सी. लखानी विशेष रूप से माता रानी के दरबार में पहुंचे। उन्होंने ज्योति प्रज्वलित कर माता के समक्ष अपने मन की अरदास रखी और प्रदेश व देश में अमन-चैन एवं शांति की कामना की। मंदिर प्रधान जगदीश भाटिया ने उन्हें माता रानी की चुनरी एवं प्रसाद भेंट कर सम्मानित किया। श्री लखानी ने भी उपस्थित श्रद्धालुओं को नवरात्रि की शुभकामनाएं दीं।
हवन और पूजन के उपरांत जगदीश भाटिया ने मां कालरात्रि की महिमा का वर्णन करते हुए बताया कि नवरात्रि का सातवां दिन विशेष महत्व रखता है। मां कालरात्रि को शुभंकरी भी कहा जाता है और उनकी आराधना से साधकों को विशेष फल एवं सिद्धियों की प्राप्ति होती है। तंत्र-मंत्र के साधक विशेष रूप से इस दिन उनकी पूजा करते हैं।
उन्होंने बताया that मां कालरात्रि का स्वरूप काले वर्ण का है, उनके विशाल केश चारों दिशाओं में फैले होते हैं, चार भुजाएं और तीन नेत्र होते हैं। मान्यता है कि उनके नेत्रों से अग्नि की वर्षा होती है और वे दुष्टों का संहार करती हैं। मां का एक हाथ वर मुद्रा में होता है, जिससे भक्तों को आशीर्वाद प्राप्त होता है।
कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर में भक्ति का माहौल बना रहा और श्रद्धालुओं ने मां के जयकारों के साथ पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद प्राप्त किया।

