Faridabad/Alive News : साइबर थाना बल्लभगढ़ की टीम ने गिरफ्तारी का डर दिखाकर 48 लाख की साइबर ठगी करने वाले गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए बैंक खाते उपलब्ध कराने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अतुल (उम्र 24) निवासी शिवपुरी (मध्य प्रदेश) और यीतेंद्र (उम्र 30) निवासी ग्वालियर (मध्य प्रदेश) के रूप में हुई है। पुलिस ने अतुल को शिवपुरी (मध्य प्रदेश) और यीतेंद्र को आगरा (उत्तर प्रदेश) से गिरफ्तार किया।
दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों और ठगी की रकम के नेटवर्क की जांच में जुटी है।
पुलिस प्रवक्ता के अनुसार सेक्टर-8 निवासी एक व्यक्ति ने साइबर थाना बल्लभगढ़ में शिकायत दर्ज कराई थी कि 8 दिसंबर 2025 को उसके पास एक अज्ञात नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को हरियाणा प्रशासन, चंडीगढ़ का अधिकारी बताया और कहा कि शिकायतकर्ता के आधार कार्ड पर फर्जी सिम जारी हुई है, जिसका इस्तेमाल आतंकवादी कर रहे हैं। साथ ही उसके नाम पर 7 से 8 करोड़ रुपये की मनी लॉन्ड्रिंग होने का भी झूठा आरोप लगाया गया।
इसके बाद कॉल करने वाले ने एक अन्य नंबर पर बात करने के लिए कहा, जहां सामने वाले व्यक्ति ने खुद को NIA अधिकारी बताते हुए शिकायतकर्ता को गिरफ्तारी की धमकी दी। डर के माहौल में ठगों ने 11 से 15 दिसंबर 2025 के बीच अलग-अलग बैंक खातों में कुल 48 लाख ट्रांसफर करवा लिए। पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना बल्लभगढ़ में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि गिरफ्तार आरोपी अतुल और यीतेंद्र ने खाताधारक प्रशांत से बैंक खाता लेकर उसका एक्सेस टेलीग्राम के माध्यम से साइबर ठगों को उपलब्ध कराया था। दोनों आरोपियों की मुलाकात ग्वालियर (मध्य प्रदेश) में हुई थी, जहां से उन्होंने इस नेटवर्क में काम शुरू किया।
पुलिस के अनुसार आरोपी अतुल बी.ए. पास है और खेती-बाड़ी का काम करता है, जबकि यीतेंद्र 12वीं पास है और कपड़े बेचने का कार्य करता है।

