June 8, 2026

दिल्ली में नया नियम, नोएडा में 2019 से अनिवार्य है ई-रिक्शा चालकों की ट्रेनिंग

Gungun Sharma/Alive News

Noida: दिल्ली सरकार द्वारा हाल ही में ई-रिक्शा और ई-कार्ट चालकों के लिए ड्राइविंग लाइसेंस प्राप्त करने से पहले दस दिन की ट्रेनिंग अनिवार्य किए जाने के बाद यह व्यवस्था चर्चा में है। हालांकि, नोएडा में यह नियम वर्ष 2019 से ही लागू है और यहां ई-रिक्शा व ई-कार्ट चालकों को लाइसेंस प्राप्त करने से पहले निर्धारित प्रशिक्षण लेना अनिवार्य है।

आरआई संजय कुमार गुप्ता ने बताया कि नोएडा में परिवहन विभाग के नियमों के तहत ई-रिक्शा और ई-कार्ट संचालकों को ड्राइविंग लाइसेंस के लिए आवेदन करने के बाद दस दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम पूरा करना होता है। प्रशिक्षण पूरा होने पर संस्थान द्वारा जारी प्रमाणपत्र को लाइसेंस आवेदन के साथ अटैच करना अनिवार्य है। इसी आधार पर आवेदकों को ड्राइविंग लाइसेंस जारी किया जाता है। जिले में वर्तमान समय में दस अधिकृत ड्राइविंग प्रशिक्षण संस्थान संचालित हैं, जहां ई-रिक्शा और ई-कार्ट चालकों को वाहन संचालन, यातायात नियमों और सड़क सुरक्षा संबंधी प्रशिक्षण दिया जाता है।

परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार जिले में वर्तमान में 176 ई-रिक्शा और 90 ई-कार्ट संचालित हो रहे हैं। विभाग का मानना है कि प्रशिक्षण व्यवस्था से सड़क सुरक्षा को बढ़ावा मिला है और चालकों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ी है।

जिले में संचालित प्रशिक्षण संस्थान

मैसर्स रोहन मोटर ड्राइविंग स्कूल, मैसर्स ऋषि मोटर ट्रेनिंग स्कूल, मैसर्स गुरु नानक मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल, मैसर्स ग्रेट नेशनल मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल , मैसर्स दीपक मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल, मैसर्स लखमेंद्र मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल, मैसर्स अनु मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल, मैसर्स डीसी मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल, मैसर्स माही ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल और मैसर्स गुरुदेव मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल को ई-रिक्शा एवं ई-कार्ट चालकों को प्रशिक्षण देने के लिए संचालित किया गया है।