Faridabad/Alive News : क्राइम ब्रांच का कर्मचारी बनकर की 30 लाख की ठगी करने वाले खाताधारक सहित 2 आरोपी काे गिरफ्तार किया। दोनों आरोपी दोस्त है। एक प्राईवेट कंपनी में सिक्योरिटी गार्ड का काम करता है। वहीं दूसरा कमीशन पर रुम दिलाने का काम करता है। खाते मै ठगी के कुल 8 लाख 5 हजार रुपए आए थे। दाेंनाें आरोपियों को 2 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि एनआईटी फरीदाबाद में रहने वाली एक महिला ने साइबर थाना एनआईटी में शिकायत दी जिसमें आरोप लगाया कि 16 जून 2025 को उसके पास एक कॉल आया जिस पर उसे बताया की वह मुम्बई क्राईम ब्रांच से इंस्पेक्टर बोल रहा है तथा उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। जिसके बाद एक अन्य नंबर से पुलिस ऑफिसर की विडियो कॉल आई और कहा की वह जेट एयरवेज मनी लॉन्ड्रिंग केस मे आरोपी है तथा उसे हॉउस अरेस्ट किया गया है व डिजीटल अरेस्ट के ऑर्डर उसके पास भेज देंगे तथा उसको इस केस में 6 करोड 80 लाख रुपये देने पडेंगे व उसके केस की प्रोसीडिंग्स व्हाट्अप के माध्यम से विडियो कॉल पर ही की जायेगी। जहां पर उसके सीनियर ऑफिसर और जज साहब उससे बात करेंगे और इस बारे में न तो वह किसी को बतायेंगी और न ही घर से बाहर जायेंगी। जिसके बाद उन्होंने उससे केस के निपटारे के लिए 50 लाख रुपये की मांग की। जिसके बाद उसने आईटीजीएस के जरिए ठगों द्वारा बताए खाता में 30 लाख 20 हजार रुपये भेज दिए। जिस संबंध में साइबर थाना एनआईटी में संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया।
साइबर थाना एनआईटी की पुलिस ने मनीष (उम्र32) व रिषभ (उम्र29) निवासी गांव वजीराबाद दिल्ली को गिरफ्तार किया है।पुछताछ में सामने आया की आरोपी मनीष खाताधारक है। जिसने अपना खाता आगे रिषभ को दे दिया था तथा रिषभ ने यह खाता आगे ठगो को दे दिया था।

