June 6, 2026

प्राचीन पांडुलिपियों की खोज अभियान में तेजी लाने के निर्देश

Faridabad/Alive News: अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) अंजलि श्रोत्रिया ने ज्ञान भारतम् मिशन के तहत जिले में प्राचीन पांडुलिपियों, ऐतिहासिक अभिलेखों और सांस्कृतिक धरोहरों की खोज एवं दस्तावेजीकरण कार्य की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को अभियान को गंभीरता से चलाने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि जिले के मंदिरों, गुरुद्वारों, मस्जिदों, जैन मंदिरों, मदरसों, आश्रमों, डेरे, आर्य समाज संस्थानों और अन्य धार्मिक-सांस्कृतिक केंद्रों में वर्षों पुरानी पांडुलिपियां, वंशावलियां और ऐतिहासिक दस्तावेज सुरक्षित हो सकते हैं। ऐसे में संबंधित विभाग सक्रिय रूप से इन संस्थानों और पुराने परिवारों से संपर्क कर जानकारी जुटाएं।

एडीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सर्वेक्षण कार्य केवल औपचारिकता तक सीमित न रहे, बल्कि प्रत्येक संभावित स्थल का दौरा कर उपलब्ध ऐतिहासिक सामग्री का सत्यापन किया जाए। यदि किसी संस्थान में ऐसी सामग्री उपलब्ध नहीं है, तो उसकी भी प्रमाणित जानकारी दर्ज की जाए। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य जिले की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना है, ताकि मूल्यवान दस्तावेजों और पांडुलिपियों को राष्ट्रीय स्तर पर सुरक्षित रखा जा सके।

अंजलि श्रोत्रिया ने आम नागरिकों से भी इस अभियान में भागीदारी की अपील करते हुए कहा कि जिन लोगों के पास प्राचीन पांडुलिपियां या ऐतिहासिक अभिलेख हैं, वे उनकी जानकारी ज्ञान भारतम् वेबसाइट और मोबाइल ऐप के माध्यम से साझा कर सकते हैं। चिन्हित पांडुलिपियों को राष्ट्रीय डिजिटल रिपॉजिटरी में सुरक्षित रखा जाएगा।

उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अभियान के दौरान पांडुलिपि धारकों का स्वामित्व पूरी तरह सुरक्षित रहेगा और उनकी संपत्ति पर किसी प्रकार का दावा नहीं किया जाएगा।बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया और अभियान को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने पर चर्चा की।