October 27, 2026

देवीलाल विश्वविद्यालय की 52 एकड़ जमीन निजी बिल्डर्स को सौंपने की ताक में सरकार: चौटाला

Chandigarh/Alive News: जननायक जनता पार्टी (जेजेपी) के युवा प्रदेशाध्यक्ष दिग्विजय सिंह चौटाला ने हरियाणा की मौजूदा सरकार पर एक गंभीर षड्यंत्र रचने का आरोप लगाया है। उन्होंने बड़ा खुलासा करते हुए कहा कि राज्य सरकार सिरसा स्थित चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय (सीडीएलयू) की 52 एकड़ बेशकीमती जमीन को कौड़ियों के भाव प्राइवेट बिल्डर्स को सौंपने की फिराक में है। दिग्विजय चौटाला ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जेजेपी इस भूमाफिया और सरकार के गठजोड़ को किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने देगी।

​पत्रकारों से बातचीत करते हुए दिग्विजय चौटाला ने याद दिलाया कि हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी ओमप्रकाश चौटाला ने इस विश्वविद्यालय की स्थापना इसलिए करवाई थी ताकि ग्रामीण अंचल के विद्यार्थियों को उच्च एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके। लेकिन मौजूदा सरकार शिक्षा के इस मंदिर को बढ़ावा देने के बजाय भूमाफिया को संरक्षण दे रही है। उन्होंने कहा कि जिस 52 एकड़ भूमि को हथियाने का षड्यंत्र रचा जा रहा है, उसके अधिकांश हिस्से पर वर्तमान में सीडीएलयू प्रशासन का ही कब्जा है।​

प्रशासनिक अधिकारियों के दौरे और दबाव बनाने का आरोप​

दिग्विजय चौटाला ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार विश्वविद्यालय प्रशासन पर लगातार दबाव बना रही है ताकि इस जमीन के मामले की न्यायालय में सही तरीके से पैरवी न की जा सके। उन्होंने दावा किया कि सरकार के एक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी ने इस षड्यंत्र को अंजाम देने के उद्देश्य से हाल ही में सिरसा का दौरा भी किया था।

​9 दिसंबर की समय सीमा और मुजारों का सहारा

​जेजेपी नेता ने जानकारी देते हुए बताया कि सरकार आगामी 9 दिसंबर तक यह जमीन मुजारों को सौंपने की बात कह रही है। हालांकि, सरकार संरक्षित भूमाफिया ने पहले ही इन मुजारों से औने-पौने दामों में बॉन्ड भरवा लिए हैं। अब इसी भूमाफिया को सीधा लाभ पहुंचाने के लिए सरकार एड़ी-चोटी का जोर लगा रही है और विश्वविद्यालय प्रशासन को कानूनी कार्रवाई से पीछे हटने पर मजबूर कर रही है।​

सड़क से कोर्ट तक लड़ाई लड़ेगी जेजेपी​

दिग्विजय चौटाला ने ऐलान किया कि जननायक जनता पार्टी चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय की एक-एक इंच जमीन की रक्षा करेगी। इसके लिए पार्टी जल्द ही एक बड़ा जन-आंदोलन खड़ा करेगी और साथ ही अदालत में भी इस मामले की मजबूती से कानूनी पैरवी की जाएगी।