Faridabad/Alive News: जे.सी. बोस विश्वविद्यालय, वाईएमसीए के संचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी विभाग की ओर से सोशल वर्क के विद्यार्थियों के लिए एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का विषय रहा “कक्षा से कार्यस्थल तक: एचआर प्रोफेशनल के रूप में पहचान निर्माण”। यह कार्यक्रम मीडिया स्टूडियो में आयोजित हुआ।
कार्यशाला की मुख्य वक्ता सुश्री अंबर अफाक, मैनेजर-एचआर, उद्योगिनी, नई दिल्ली रहीं। उन्होंने छात्रों को पढ़ाई पूरी करने के बाद प्रोफेशनल जीवन में कदम रखने, कार्यस्थल की चुनौतियों से निपटने और एक सफल एचआर प्रोफेशनल बनने के लिए जरूरी कौशलों की जानकारी दी। सत्र के दौरान छात्रों ने सवाल पूछे और अपने विचार भी साझा किए।
मीडिया विभागाध्यक्ष प्रो. पवन सिंह ने मुख्य वक्ता का स्वागत किया और उनका आभार जताया। उन्होंने कहा कि इस तरह की कार्यशालाएं छात्रों को व्यवहारिक ज्ञान देती हैं और भविष्य के लिए तैयार करती हैं।
सुश्री अंबर अफाक ने एचआर क्षेत्र में संचार कौशल, पेशेवर नैतिकता, आत्मविश्वास और कार्यस्थल में खुद को ढालने की क्षमता के महत्व पर जोर दिया। उनका सत्र छात्रों के लिए प्रेरणादायक और ज्ञानवर्धक रहा।
इस कार्यशाला में सहायक प्रोफेसर डॉ. अखिलेश त्रिपाठी और डॉ. के.एम. ताबिश का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा।

