Delhi/Alive News: फरीदाबाद के डॉक्टरों ने बड़ा जोखिम उठाते हुए इथियोपिया की 44 वर्षीय महिला महलेट टेडसे हैले की हाई-रिस्क रि-डू माइट्रल वॉल्व रिप्लेसमेंट सर्जरी सफलतापूर्वक की। महिला की 18 साल पहले ओपन-हार्ट सर्जरी हो चुकी थी और उनके पास केवल एक ही किडनी थी, जिससे यह मामला बेहद जटिल था।
डॉक्टरों के अनुसार, समय के साथ पहले लगाया गया बायोप्रोस्थेटिक माइट्रल वॉल्व खराब हो गया था, जिससे मरीज को सांस लेने में दिक्कत, अत्यधिक थकान और चलने-फिरने में परेशानी होने लगी थी। जांच में गंभीर पल्मोनरी हाइपरटेंशन भी सामने आया।
एडल्ट कार्डिएक सर्जरी के सीनियर कंसलटेंट एवं एचओडी डॉ. समीर भाटे ने बताया कि हार्ट ब्रेस्टबोन से चिपका होने और एक किडनी होने के कारण सर्जरी अत्यंत चुनौतीपूर्ण थी। सभी पहलुओं पर विचार के बाद टिश्यू वॉल्व का चयन किया गया और सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम दिया गया।
सर्जरी के बाद मरीज की रिकवरी संतोषजनक रही। किडनी सामान्य रूप से काम कर रही है और दिल की धड़कन भी स्थिर है। डिस्चार्ज के समय मरीज और उनके परिजनों ने भारतीय डॉक्टरों की टीम का आभार जताया। महलेट ने कहा कि सर्जरी के बाद उन्हें सांस की तकलीफ और थकान से राहत मिली है और अब वे जल्द ही अपने देश इथियोपिया लौटने की तैयारी कर रही हैं।

