March 7, 2026

फरीदाबाद के महिला पुलिस थाना एनआईटी में वर्षा जल संचयन मॉडल का उद्घाटन

Faridabad/Alive News: फरीदाबाद के महिला पुलिस थाना एनआईटी में जलभराव और शहरी बाढ़ की समस्या से निपटने के लिए प्रकृति-आधारित वर्षा जल संचयन (रेन वाटर हार्वेस्टिंग) मॉडल शुरू किया गया है। भारी बारिश के दौरान यहां पानी भर जाता था, जिससे कामकाज, सफाई और सुरक्षा प्रभावित होती थी।

इस समस्या को देखते हुए नवज्योति इंडिया फाउंडेशन ने जल शक्ति मंत्रालय के राष्ट्रीय जल मिशन के अनुरूप, अपने सीएसआर कार्यक्रम के तहत एसएमएफजी इंडिया होम फाइनेंस के सहयोग से यह परियोजना शुरू की। इसका उद्देश्य पुलिस थाने को “वॉटर सिक्योर” यानी जल-सुरक्षित संस्थान बनाना है।

उद्घाटन समारोह “Let Nature Lead – Climate Resilience” विषय पर आयोजित किया गया। इस दौरान विशेषज्ञों ने बताया कि यहां ऐसी प्रणाली बनाई गई है, जो बारिश के पानी को जमा करने, फिल्टर करने और जमीन के अंदर पहुंचाने का काम करेगी। इससे जलभराव की समस्या कम होगी और भू-जल स्तर भी बढ़ेगा।

परियोजना में फिल्ट्रेशन टैंक, नालियां, बायोरिटेंशन सिस्टम, रिचार्ज पिट और रिचार्ज कुएं बनाए गए हैं। अनुमान है कि इससे हर साल करीब 12 लाख लीटर पानी जमीन में रिचार्ज होगा।

इस कार्यक्रम का आयोजन श्रीराम मॉडल स्कूल के सहयोग से किया गया, जिसमें छात्रों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दीं और विशेषज्ञों ने जल संरक्षण पर चर्चा की।इस संरचना का उद्घाटन किरण बेदी ने किया। इस अवसर पर पुलिस उपायुक्त मुख्यालय अभिषेक जोरवाल और कंपनी के एमडी एवं सीईओ दीपक पाटकर सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

विशेषज्ञों ने कहा कि यह मॉडल अन्य सरकारी संस्थानों में भी लागू किया जा सकता है। इससे जल संरक्षण, स्वच्छता और पर्यावरण सुधार में मदद मिलेगी। मानव रचना यूनिवर्सिटी और अन्य संस्थानों के विशेषज्ञों ने भी इस पहल को सतत शहरी जल प्रबंधन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।

अब यह पुलिस थाना जल संरक्षण और पर्यावरण-अनुकूल ढांचे का एक उदाहरण बन गया है, जहां जलभराव कम हुआ है और भू-जल पुनर्भरण में भी योगदान मिल रहा है।