March 8, 2026

जीवन के दोराहे पर गुरुजन ही बचा सकते हैं – साध्वी ऋतंभरा

Faridabad/Alive News: साध्वी ऋतंभरा ने शुकर्वार को कहा कि जीवन हमेशा दोराहे पर खड़ा रहता है और हमें दो रास्तों में से एक चुनना होता है, ऐसे में गुरु ही एकमात्र हमारे पथप्रदर्शक होते हैं। वह सेक्टर 15 में आयोजित राम कथा में प्रवचन कर रही थीं।

उन्होंने कहा कि गुरुजन के पास जाओ, तो खुल कर जाओ। गुरु से पूछें कि उनके लिए क्या करणीय है। वह अवश्य ही मार्ग बताएंगे। साध्वी ऋतंभरा ने बताया कि आर्ष ग्रंथों वेदों में स्पष्ट है कि निंदनीय क्या है, वंदनीय क्या है और अनुकरणीय क्या है। लोगों को धार्मिक ग्रंथों का भी अध्ययन करना चाहिए।

उन्होंने रामायण के उदाहरणों से बताया कि मोह से बचकर रहना चाहिए। यह मोह स्वयं उग आता है झाड़ की तरह, जबकि प्रेम उगाना पड़ता है, इसके लिए प्रयास करना पड़ता है। उन्होंने बताया कि अनुकूलता में भी चित्त में शांति न हो तो वो चुभती है। इसलिए धर्म का अनुकरण करें।

शनिवार को कथा की संपन्नता से पूर्व पूर्णाहुति यज्ञ होगा। जिसके बाद कथा को विराम दिया जाएगा। इसमें 400 कलश उठाने वाली सौभाग्यवती महिलाएं अपने कलश वापस ले जाएंगी और आयोजित विशाल भंडारे में हजारों लोग प्रसाद पाएंगे। इस अवसर पर बताया गया कि वात्सल्य ग्राम वृंदावन में विशाल सर्व मंगला मंदिर बन रहा है, जिसमें सभी को अपनी यथासंभव आहुति देनी चाहिए। इस मंदिर में भारतीय परंपरा की विदुषियों, वीरांगनाओं के बारे में प्रदर्शन होगा।

इस अवसर पर वात्सल्य ग्राम के अध्यक्ष सी पी पाटोदिया, मुख्य यजमान प्रेम पसरीचा, योगी तेजपाल सिंह, कैलाश शर्मा, योगेश गुप्ता, पूर्व मंत्री मूलचंद शर्मा, मुख्यमंत्री के पूर्व राजनैतिक सलाहकार अजय गौड़, भाजपा जिलाध्यक्ष पंकज पूजन रामपाल, बी आर सिंगला, सोनिया रावत, वीरभान शर्मा, दीपक प्रसाद, अनिल मित्तल आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।