Chandigarh/Alive News: हरियाणा में लगातार बारिश और नदियों के उफान से हालात बिगड़ गए हैं। प्रदेश के 2,748 गांव बाढ़ से प्रभावित हैं। फरीदाबाद में यमुना, कुरुक्षेत्र में मारकंडा और कैथल व सिरसा में घग्गर नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। सोनीपत और यमुनानगर में जमीन कटाव जारी है। आज 20 जिलों में हल्की बारिश का अलर्ट है, जबकि हिसार और फरीदाबाद में मौसम साफ रहेगा।
प्रदेश में प्रमुख हालात
बहादुरगढ़: दिल्ली बॉर्डर के पास टूटी मुंगेशपुर ड्रेन को ठीक करने में सेना और विभागों की टीमें जुटी हैं। हिसार: सांसद कुमारी सैलजा ने जलभराव वाले इलाकों का दौरा किया। घिराय गांव में एक मकान की छत गिर गई, लेकिन कोई हताहत नहीं हुआ। कुरुक्षेत्र: मुख्या मंत्री नायब सैनी पिहोवा, झांसा, शाहाबाद और लाडवा का दौरा करेंगे। सिरसा: अहमदपुर में घग्गर नदी का छोटा रिंग बांध टूटने से खेतों में पानी भर गया। कैथल: घग्गर नदी का जलस्तर 23.6 फीट, डेंजर लेवल से 6 इंच ज्यादा, कई जगह पानी खेतों में घुसा।यमुनानगर: कई गांवों में भूमि कटाव रोकने के लिए 1.91 लाख मिट्टी के कट्टे लगाए गए। फतेहाबाद: भूना शहर में जलभराव से बाजार और दुकानों को नुकसान। हिसार: 276 गांवों में बारिश से फसलें बर्बाद, ई-क्षति पोर्टल पर किसानों के लिए सुविधा बढ़ी।
नदियों की स्थिति मारकंडा नदी: शाहाबाद में खतरे के निशान से 0.15 मीटर ऊपर, पानी धीरे-धीरे घट रहा है। घग्गर नदी: सिरसा, कैथल में ओवरफ्लो, खेतों में पानी घुसा। यमुना नदी: फरीदाबाद में खतरे के निशान पर, 12 गांव जलमग्न, 270 मकान डूबे।
आईएमडी के अनुसार, इस सीजन में हरियाणा में औसत से 48% ज्यादा बारिश हुई है। अब तक 546.6 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जबकि सामान्य 370.3 मिमी होती है। सबसे ज्यादा बारिश यमुनानगर (1059.2 मिमी) और सबसे कम सिरसा (309.3 मिमी) में हुई है।

