Faridabad/Alive News : विभागीय अधिकारियाें ने इतनी हठधर्मिता अपनाई हूई है कि मंत्री के आदेश काे भी कुछ नहीं समझ रहे हैं। खासकर सड़क किनारे कब्जा करने वालाें पर ताे खूब मेहरबानी हाे रही है। सवाल यह है कि आखिर अधिकारी इतना बड़ा जाेखिम क्याें लेंगे, इसमे कुछ न कुछ ताे मिलीभगत जरुर हाेगी। बगैर आर्थिक लाभ के काेई अधिकारी इतना बड़ा जाेखिम क्याे लेंगे, इसमे कुछ न कुछ ताे मिलीभगत जरुर हाेगी। बगैर आर्थिक लाभ के काेई अधिकारी मंत्री के आदेश काे दरकिनार नहीं करेगा। हम बात कर रहे हैं ग्रेटर फरीदाबाद के महाराणा प्रताप चाैराहे की। खेड़ी पुल से लेकर मंझावली पुल तक जाे सड़क बनी है, वह इसी चाैराहे से हाेकर गुजरती है। सड़क ताे बन गई लेकिन साथ – साथ कब्जे भी बढ़ गए।
अब ग्रटेर फरीदाबाद की विभन्न साेसायटी सहित दर्जनभर गांव के ग्रामीण कब्जाधारकाें की वजह से लगने वाले जाम से परेशान हैं। सुबह – शाम ताे 15 से 25 मिनट तक जाम मिलता है। कब्जा हटाने की जिम्मेदारी ओल्ड फरीदाबाद नगर निगम जाेन के आधिकारियाें की है। लेकिन वह सुनवाई नहीं कर रहे हैं। इस वजह से कब्जे बढ़ते जा रहे हैं। पूरे ग्रटेर फरीदाबाद का यही हाल यह मामला केवल एक चाैराहे तक सीमित नहीं है। पूरे ग्रटेर फरीदाबाद में मास्टर राेड व सर्विस राेड का ऐसा ही हाल है। कब्जाधारकाें का जहां मन कर रहा है, वहां कब्जा करने में लगे हुए हैं। पूरे ग्रटेर फरीदाबाद में रेहड़ी – खाेमचे वालाें का कब्जा हाे गया है। सबसे अहम यह लाेग सड़क तक कब्जा कर लेते हैं।
इससे यातायात व्यवस्था चरमरा जाती है। खासकर शहर की कालाेनियाें से जुड़े चाैराहाें के पास वाहन चालकाें काे आवागमन में परेशानी हाे रही है। यदि नगर निगम की टीम नियमित रुप से चालान के साथ – साथ सख्ती से कार्रवाई करे ताे कुछ समाधान हाे सकता है।
कब्जाें की वजह से राेज आवागमन में परेशानी हाे रही है। अधिकारी सुनवाई नहीं कर रहे हैं ताे इन पर कार्रवाई हाेनी चाहिए।
- ज्ञानेंद्र खटाना, ग्रेफ
एक चाैराहा नहीं बल्कि हर चाैराहे की सड़क का बुरा हाल है। निगम अधिकारी आते ही नहीं हैं, इसलिए कब्जे बढ़ते जा रहे हैं।
- सुरेंद्र सिंह, ग्रफ
कब्जाें के प्रति लगातार कार्रवाई की जा रही है। महाराणा प्रताप चाैराहे के आस – पास कब्जाें का सफाया कराया जाएगा।
- राजेश कुमार, संयुक्त आयुक्त, ओल्ड फरीदाबाद जाेन
कब्जाें का सफाया हाेना चाहिए। मैं इस बारे में निगम अधिकारियाें से बात करुंगा और कब्जे हटवाए जाएंगे।
- राजेश नागर, खाघ एवं आपूर्ति राज्य मंत्री

