Faridabad/Alive News: साइबर थाना सेंट्रल की टीम ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए पुरानी कार बेचने के नाम पर ₹40,000 की ठगी करने वाले तीन शातिर आरोपियों को दिल्ली के रोहिणी इलाके से गिरफ्तार किया है। आरोपी गाड़ियों की खरीद-बिक्री के नाम पर फर्जीवाड़ा करने वाले गिरोह से जुड़े हैं।
पुलिस प्रवक्ता से मिली जानकारी के अनुसार, सेक्टर-87 फरीदाबाद के रहने वाले एक व्यक्ति, जो खुद पुरानी गाड़ियों की खरीद-फरोख्त का बिजनेस करते हैं, इस ठगी का शिकार हुए। उन्होंने साइबर थाना सेंट्रल सेक्टर-17 में शिकायत दर्ज कराई थी।
शिकायत के मुताबिक, 2 अप्रैल 2026 को उनके मोबाइल पर एक अज्ञात व्यक्ति ने एक ‘वरना’ कार की तस्वीरें भेजीं। बातचीत के बाद कार का सौदा ₹2,50,000 में फाइनल हो गया।
सौदा तय होने के बाद आरोपियों ने पीड़ित को अपने जाल में फंसाया: सबसे पहले आरोपियों ने गाड़ी बुक करने के लिए ₹5,000 एडवांस ट्रांसफर करवाए। इसके बाद अलग-अलग बहानों और कागजी कार्रवाई का वास्ता देकर पीड़ित से कुल ₹40,000 अपने खाते में डलवा लिए।
रकम बैंक खाते में ट्रांसफर होते ही आरोपियों ने कार की डिलीवरी नहीं की और पीड़ित का फोन उठाना बंद कर दिया। ठगी का अहसास होने पर पीड़ित ने पुलिस की शरण ली।
साइबर थाना सेंट्रल की टीम ने तकनीकी जांच के बाद 11 जून को दिल्ली के रोहिणी से तीनों आरोपियों को दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान राजेश (निवासी: बरवाला, दिल्ली) – इसके बैंक खाते में ठगी की रकम मंगवाई गई थी। अनिकेत सागर (निवासी: प्रहलादपुर, उत्तर-पश्चिम दिल्ली) – इसने पीड़ित से संपर्क कर कार की तस्वीरें भेजी थीं। अमन राणा निवासी: अशोक विहार, सोनीपत– यह भी अनिकेत के साथ पीड़ित को झांसा देने में शामिल था।
पूछताछ में पता चला कि आरोपी रोहिणी दिल्ली में वाहन खरीद-बिक्री का काम करते हैं और इसी की आड़ में लोगों को अपना शिकार बनाते थे। पुलिस ने तीनों आरोपियों को अदालत में पेश कर 4 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है ताकि अन्य वारदातों का खुलासा हो सके।

