Faridabad/Alive News: इंडस्ट्रियल मॉडल टाउन दूषित पानी को ट्रीटमेंट करने के लिए दूसरा सीईटीपी ( कॉमन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट ) लगाया जाएगा। हरियाणा राज्य औधोगिक विकास संरचना निगम ( एचएसआइआइडीसी ) ने दूसरे प्लांट को लगाने के लिए योजना का टेंडर लगाकर फाइल को हाई परचेज समिति में चर्चा के लिए भेज दिया है। जल्दी ही योजना को हाई परचेस समिति से स्वीकृति मिल जाने की उम्मीद है।
आईएमटी में बड़ी संख्या में कारखाने लग चुके हैं। यहां से निकलने वाले दूषित पानी को ट्रीटमेंट करने के लिए एचएसआइआइडीसी ने पहले एक सीईटीपी लगाया हुआ है। पहले लगाया सीईटीपी प्लांट से अभी तक 10.5 एमएलडी दूषित पानी को नियमित ट्रीटमेंट किया जा रहा है। अब आईएमटी में कई नए कारखाने लग भी चुके हैं और विस्तार भी हो रहा है। इनकी संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। इन कारखानों का दूषित पानी को कृषि कार्यों में सीधा प्रयोग नहीं किया जा सकता । क्योकि यह रसायन मिक्षित होता है। ऐसे पानी से सिंचाई करने पर पौधों या फसलों में नुकसान हो सकता है। इसलिए रसायन मिश्रित पानी को ध्यान में रखते हुए एचएसआइआइडीसी ने पहले ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की योजना बनाई है। यह प्लांट भी रोजाना बनाई गई है। यह प्लांट भी रोजाना फैक्ट्रियों से निकलने वाले 10.5 एमएलडी दूषित पानी का ट्रीटमेंट करेगा। ट्रीटमेंट करने के बाद इस पानी को आइएमटी में हरियाली के कार्यों के योग्य बनाकर प्रयोग किया जाएगा। इस तरह से कुल 21 एमएलडी पानी शोधित होगा। जब यह पानी अन्य कार्यों में प्रयोग होगा, तो जल संरक्षण होगा।

