March 7, 2026

हरियाणा में मानसून मेहरबान: कई जगहों पर बाढ़ जैसे हालात

Chandigarh/Alive News: हरियाणा के यमुनानगर में मानसून सीजन के दौरान सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। एक जून से लेकर 9 अगस्त तक यमुनानगर में 636 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य से 17 फीसदी अधिक है।

हरियाणा में मानसून की बारिश अब आफत बनकर बरस रही है। राज्य के 11 जिलों में रविवार को बारिश दर्ज की गई है, जिनमें कई शहरों में मूसलाधार बारिश दर्ज की गई है। सोनीपत में 92 एमएम, राई में 122 एमएम, फरीदाबाद में 116 एमएम बारिश दर्ज की गई है। राज्य में मानसून सीजन के दौरान अब तक 289 एमएम बारिश दर्ज की जा चुकी है, जो सामान्य से 15 फीसदी ज्यादा है। लगातार बारिश से राज्य से बहने वाली सभी नदियां उफान पर बह रही है। इससे कई जगह पर बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक अगस्त के आने वाले दिनों में भी भारी बारिश के आसार बने हुए हैं।

हरियाणा में शनिवार को गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत, पानीपत, करनाल, पलवल, झज्जर, जींद, महेंद्रगढ़, चरखी दादरी और पंचकूला में बारिश दर्ज की गई। लगातार बारिश से दिन के तापमान में करीब औसत 3.8 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है। सबसे गर्म नारनौल रहा, जहां अधिकतम तापमान 34.5 डिग्री दर्ज किया गया है। हालांकि कई इलाकों में उमस भी अत्यधिक रही, जिससे लोगों को परेशानी का सामना भी करना पड़ा।

हिसार स्थित चौधरी चरण सिंह कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विज्ञान के विभागाध्यक्ष डा. मदन खीचड़ ने बताया, दस अगस्त से मानसून टर्फ नीचे आने की संभावना है, जिससे राज्य में बारिश की गतिविधियों में फिर से बढ़ोतरी होने के आसार हैं। दस से 12 अगस्त के दौरान राज्य के ज्यादातर क्षेत्रों में अच्छी बारिश की संभावना है। इस दौरान वातावरण में नमी बढ़ने व दिन के तापमान में हल्का बदलाव आ सकता है।

यमुनानगर में अब तक सबसे ज्यादा बारिश
हरियाणा के यमुनानगर में मानसून सीजन के दौरान सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। एक जून से लेकर 9 अगस्त तक यमुनानगर में 636 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य से 17 फीसदी अधिक है। वहीं, महेंद्रगढ़ में 546 एमएम, नूंह में 469 एमएम, रेवाड़ी में 424, रोहतक में 389, चरखी दादरी में 385 एमएम बारिश दर्ज की जा चुकी है। वहीं, सबसे कम बारिश सिरसा में 154 एमएम और भिवानी में 194 एमएम बारिश दर्ज की गई है।