March 7, 2026

‘ध्यान कक्ष’ द्वारा प्रारम्भ की गई “नैतिक संस्कारों” पर आधारित निशुल्क कक्षाएं

Faridabad/Alive News: सतयुग दर्शन ट्रस्ट द्वारा वसुंधरा परिसर में विश्व के प्रथम समभाव-समदृष्टि के स्कूल “ध्यान कक्ष” द्वारा नैतिक मूल्यों एवं मानवता के प्रचार-प्रसार के उद्देश्य से “निःशुल्क कक्षाओं” का शुभारंभ किया गया है। इन कक्षाओं का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक व्यक्ति को मानवता की राह पर अग्रसर करना, कलयुगी प्रवृत्तियों का परित्याग कर सतयुग की पहचान और मानवता का स्वाभिमान पुनर्स्थापित करना है।

इन्क्रेडिबल इंडिया और हरियाणा टूरिज्म में सूचीबद्ध “ध्यान कक्ष” (समभाव-समदृष्टि का स्कूल) द्वारा आयोजित ये मूल्य-आधारित कक्षाएं न केवल एनसीआर क्षेत्र बल्कि सम्पूर्ण भारत के सभी विद्यालयों के लिए निःशुल्क उपलब्ध हैं। इन कक्षाओं की विषय-वस्तु एवं समय-सारणी पूर्व निर्धारित की गई है।

कार्यक्रम के तहत आज कंचन विद्या मंदिर सीनियर सेकेंडरी स्कूल, फरीदाबाद के सैकड़ों विद्यार्थियों ने इन विशेष कक्षाओं में भाग लिया और आत्म-विकास, नैतिकता, मानवता एवं समदृष्टि जैसे बहुमूल्य विषयों पर प्रशिक्षण प्राप्त किया। विद्यार्थियों में इन सत्रों को लेकर उत्साह एवं जिज्ञासा देखने योग्य रही।

इन कक्षाओं का उद्देश्य प्रत्येक परिवार को सतयुग संस्कृति से परिचित कराते हुए समाज में शांति, एकता और मानवीय मूल्यों का प्रसार करना है। ट्रस्ट का विश्वास है कि इस पहल के माध्यम से युवाओं में ऐसा सकारात्मक परिवर्तन आएगा जिसकी कल्पना प्रत्येक माता-पिता और शिक्षक करते हैं।

सतयुग दर्शन ट्रस्ट का लक्ष्य आगामी महीनों में एनसीआर क्षेत्र के सभी विद्यालयों सहित सम्पूर्ण भारत को इस अभियान से जोड़ने का है, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थी मूल्य-आधारित शिक्षण से लाभान्वित होकर सतयुग की पहचान बन सकें।

ट्रस्ट का संदेश है का “जब समाज में सत्य, प्रेम और समानता की भावना जागृत होगी, तभी सतयुग अर्थात स्वर्ण युग का पुनः आगमन संभव होगा।”