October 3, 2026

सांप के काटने के बाद जिला अस्पताल की इमरजेंसी में इलाज के लिए भटकता रहा मजदूर

Faridabad/Alive News: सांप के काटने के बाद इलाज के लिए जिला अस्पताल पहुंचे छायसा निवासी मजदूर को इमरजेंसी में कथित तौर पर समय पर उपचार नहीं मिलने का मामला सामने आया है। मरीज गोपी चंद को सांप ने हाथ पर काटा था। परिजनों के मुताबिक, जिला अस्पताल की इमरजेंसी में पहुंचने के बाद मरीज के हाथ में ग्लूकोज की बोतल लगा दी गई, लेकिन एंटी-वेनम समेत जरूरी उपचार के लिए उन्हें काफी देर तक इंतजार करना पड़ा। इलाज नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए परिजन बाद में मरीज को दूसरे निजी अस्पताल ले गए।

परिजनों के अनुसार, गोपी चंद भट्ठे पर मजदूरी करता है। बुधवार दोपहर करीब 12 बजे भट्ठे पर काम करने के दौरान उसे सांप ने हाथ पर काट लिया। सांप के काटने के बाद परिजन उसे पहले एक अन्य अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां उसे इंजेक्शन लगाया गया और बाद में जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। इसके बाद परिजन मरीज को लेकर बीके अस्पताल पहुंचे।

तीन बजे पहुंचे, इलाज के लिए करते रहे इंतजार

परिजनों का आरोप है कि वह मरीज को लेकर करीब तीन बजे जिला अस्पताल की इमरजेंसी में पहुंचे थे। यहां मरीज को ग्लूकोज लगाया गया, लेकिन सांप के काटने के बाद दिए जाने वाले जरूरी उपचार को लेकर उन्हें स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई। परिजनों का कहना है कि मरीज की हालत को लेकर वे लगातार डॉक्टर और अस्पताल कर्मचारियों से इलाज करने की मांग करते रहे, लेकिन उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला।

कर्मचारी पर अभद्रता का आरोप

परिजनों ने इमरजेंसी के रूम नंबर 40 में मौजूद कर्मचारी पर भी अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि जब उन्होंने मरीज के इलाज के बारे में पूछा तो कर्मचारी ने कथित तौर पर उल्टा जवाब दिया और अभद्र शब्दों का इस्तेमाल करते हुए उन्हें चुप करा दिया। परिजनों का यह भी आरोप है कि डॉक्टरों से अपनी बात कहने के बावजूद उनकी सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद वे मरीज को लेकर दूसरे निजी अस्पताल चले गए।

मरीज के हाथ पर सांप के काटने के निशान भी दिखाई दे रहे थे। परिजनों का कहना है कि समय पर इलाज नहीं मिलने की चिंता के चलते उन्हें मरीज को दूसरे अस्पताल ले जाना पड़ा।

क्या कहना है अधिकारी का

मामले की जांच की जाएगी और लापरवाही होने पर कार्रवाई की जाएगी। – विकास 

गोयल, कार्यकारी पीएमओ जिला अस्पताल