Faridabad/Alive News : जन्माष्टमी वह पावन दिन है जब भगवान श्रीकृष्ण का जन्म हुआ था और पूरे देश में इसे भजन-कीर्तन, झांकियां और विशेष पूजा-पाठ के साथ मनाया जाता है। एनआईटी तिकोना पार्क स्थित श्री महारानी वैष्णो देवी मंदिर में जन्माष्टमी के पावन अवसर पर उत्सव का आयोजन हुआ।
मंदिर को फूलों और रंग-बिरंगी लाइटों से सजाया गया है। आयोजकों ने बताया कि मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए 25 फुट लंबा श्रीकृष्ण का विशाल झूला लगाया गया है। झूला झूलने वाले श्रद्धालुओं को प्रसाद और बांसुरी भेंट की गई।
मंदिर के प्रधान जगदीश भाटिया ने बताया कि जन्माष्टी की सुबह 5 बजे से ही भव्य हवन हुआ तथा सुबह साढ़े सात बजे दुर्गा अष्टमी के हवन का आयोजन भी किया गया। उन्होंने कहा कि जन्माष्टमी की तैयारियां करीब एक महीने पहले से चल रही थी और सुरक्षा व व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। मंदिर परिसर और मंदिर परिसर के बाहर महिला पुलिसकर्मी और सेवादार महिला और बच्चों की सुरक्षा के लिए तैनात रहे।
मंदिर परिसर में विभिन्न स्थानों पर आकर्षक झांकियां लगाई गई है, जिनमें श्री राधा-कृष्ण की झांकी, ताड़का वध, समुद्र मंथन, सीता-राम और शिव परिवार की झांकियां प्रमुख रही हैं। सांस्कृतिक कार्यक्रमों और भक्तिमय प्रस्तुतियों के बीच लोकप्रिय गायिका लता परदेशी ने धार्मिक गीतों का संगीतमय कार्यक्रम प्रस्तुत किया।
आयोजकों ने बताया है कि हर साल की तरह इस बार भी एक लाख से अधिक श्रद्धालु दर्शन के लिए आये। श्रद्धालुओं की सुरक्षा व व्यवस्था बनाए रखने के लिए मंदिर परिसर में 16 कैमरे लगाए गए और पुलिसकर्मी व सेवादार तैनात रहेंगे।
मुख्य अतिथि के रूप में केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर, बड़खल विधायक धनेश अदलखा तथा नगर निगम मेयर प्रवीन जोशी कार्यक्रम में उपस्थित रही। कार्यक्रम के दौरान दूर-दूर से आए भक्तों में युवा, महिलाएं और बुजुर्ग सभी की बड़ी संख्या देखी गई। कई श्रद्धालु परिवारों के साथ आए और भगवान श्रीकृष्ण के आशीर्वाद की कामना की।
प्रधान जगदीश भाटिया ने सभी देशवासियों को जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं दीं और कहा कि मंदिर आयोजकों ने कार्यक्रम से जुड़े सभी श्रद्धालुओं का स्वागत किया।
मंदिर में लगने वाली झांकियां व सांस्कृतिक प्रस्तुतियां बच्चों और परिवारों के लिए भी आकर्षण का केंद्र रही। भक्तों को व्यवस्था के अनुसार दर्शन व प्रसाद दिया गया।
सुरक्षा व्यवस्था भी पूरी तरह चाक-चौबंद रही। महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए महिला पुलिसकर्मी और सेवादार भी तैनात थे। पूरे कार्यक्रम के दौरान भक्तों के चेहरों पर भक्ति और खुशी झलक रही थी। छोटे-छोटे बच्चे राधा-कृष्ण के रूप में सजधज कर आए थे और सभी का मन मोह रहे थे।
मंदिर के बाहर झूले और खाने-पीने की रेहड़ियां भी लगी हुई थीं। पूरा वातावरण हर्षोल्लास और आनंद से सराबोर रहा। रात 12 बजे शुभ मुहूर्त पर ही जन्मोत्सव की घोषणा हुई, पूरा मंदिर “नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल” के जयघोष से गूंज उठा।
क्या कहा श्रद्धालुओं ने
“मंदिर में माहौल बहुत भक्तिमय है। भगवान के जन्मोत्सव को इतने भव्य रूप में मनाते देख गर्व होता है।”
–दीपिका, डबुआ कॉलोनी निवासी
“आज कृष्ण जन्मोत्सव पर मंदिर आकर आत्मिक शांति मिली है। हमें अपने बच्चों को भी इन परंपराओं से जोड़ना चाहिए।”
-खुशी, डबुआ कॉलोनी निवासी

