August 14, 2026

जनगणना-2027 में पहली बार सभी जातियों की गिनती होगी, 40 सवालों की लिस्ट जारी

जनगणना 2027 में जाति समेत 40 सवालों की जानकारी ली जाएगी

New Delhi/Alive News: केंद्र सरकार ने जनगणना-2027 के लिए पूछे जाने वाले 40 सवालों की सूची जारी कर दी है। इस बार जनगणना में लोगों से उनकी जाति के बारे में भी जानकारी ली जाएगी। आजादी के बाद पहली बार देश की जनगणना में सभी समुदायों की जातिगत जानकारी दर्ज की जाएगी।

2011 की जनगणना में कुल 29 सवाल पूछे गए थे। उस समय जाति से जुड़ी जानकारी के लिए केवल SC और ST का विकल्प था। जनगणना-2027 में जाति से जुड़ा सवाल नंबर 10 पर रखा गया है, जिसमें SC/ST के साथ जाति की जानकारी भी मांगी जाएगी।

इस बार जनगणना में कोविड-19 वैक्सीन कहां लगवाई गई थी, इसकी जानकारी भी ली जाएगी। इसके अलावा मोबाइल नंबर, आधार, वोटर ID और बैंक अकाउंट से जुड़े सवाल भी पूछे जाएंगे।

पहचान और परिवार से जुड़े 12 सवाल

पहले हिस्से में व्यक्ति का नाम, परिवार के मुखिया से संबंध, लिंग, जन्मतिथि और उम्र की जानकारी ली जाएगी। इसके साथ वैवाहिक स्थिति, शादी के समय उम्र, पति या पत्नी का नाम, राष्ट्रीयता, धर्म और SC/ST/जाति से जुड़ी जानकारी भी दर्ज की जाएगी।

माता-पिता से संबंधित जानकारी भी जनगणना में दर्ज की जाएगी।

शिक्षा और भाषा से जुड़े 5 सवाल

इस हिस्से में दिव्यांगता, मातृभाषा और दूसरी भाषाओं की जानकारी मांगी जाएगी। व्यक्ति की साक्षरता और डिजिटल साक्षरता के बारे में भी पूछा जाएगा।

इसके अलावा यह जानकारी भी ली जाएगी कि व्यक्ति किसी शैक्षणिक संस्थान में पढ़ रहा है या नहीं। उसकी सबसे ऊंची शैक्षणिक योग्यता, स्ट्रीम या विषय की जानकारी भी दर्ज होगी।

रोजगार से जुड़े 8 सवाल

जनगणना में पिछले एक साल के दौरान व्यक्ति ने काम किया या नहीं, इसकी जानकारी ली जाएगी। साथ ही आर्थिक गतिविधि, व्यवसाय, काम का क्षेत्र और कामगार की श्रेणी से जुड़े सवाल होंगे।

काम की तलाश, काम करने की उपलब्धता और नौकरी या काम की जगह तक आने-जाने की जानकारी भी दर्ज की जाएगी।

जन्म और माइग्रेशन की जानकारी

इस सेक्शन में व्यक्ति का जन्मस्थान, पिछला निवास स्थान, वहां से दूसरे स्थान पर जाने का कारण और कितने समय से वहां रह रहे हैं, इसकी जानकारी ली जाएगी। स्थायी निवास का पता भी दर्ज किया जाएगा।

महिलाओं से जीवित बच्चों की संख्या, अब तक जन्मे बच्चों की संख्या और पिछले एक साल में जन्मे बच्चों की संख्या से जुड़े सवाल भी पूछे जाएंगे।

आधार, बैंक और वैक्सीन से जुड़े सवाल

जनगणना-2027 में कोविड-19 वैक्सीन कहां लगवाई गई थी, इसकी जानकारी भी मांगी जाएगी। इसके अलावा कुल बैंक अकाउंट, मोबाइल नंबर और आधार नंबर से जुड़े सवाल होंगे।

वोटर ID और पासपोर्ट जैसी पहचान से संबंधित जानकारी भी ली जाएगी। ड्राइविंग लाइसेंस उपलब्ध है या नहीं, इसका भी विवरण दर्ज किया जाएगा।

देश की पहली डिजिटल जनगणना होगी

जनगणना-2027 देश की पहली डिजिटल जनगणना होगी। जानकारी डिजिटल माध्यम से दर्ज की जाएगी। लोगों को खुद अपनी जानकारी देने यानी सेल्फ-एन्यूमरेशन का विकल्प भी मिलेगा।

जनगणना की प्रक्रिया सेंसस एक्ट, 1948 और सेंसस रूल्स, 1990 के तहत होगी।

सरकार के मुताबिक, जनगणना के दौरान लोगों से मिली व्यक्तिगत जानकारी गोपनीय रखी जाएगी। सेंसस एक्ट की धारा 15 के तहत इस जानकारी को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता। इसे RTI के तहत भी उपलब्ध नहीं कराया जा सकता और किसी अदालत में सबूत के तौर पर इस्तेमाल नहीं किया जा सकता।

जनगणना-2027 पहले 2021 में होनी थी, लेकिन कोरोना महामारी के कारण इसे टाल दिया गया था।

जनगणना के लिए 11,718 करोड़ रुपये का बजट

केंद्र सरकार ने जनगणना-2027 के लिए 11,718.24 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दी है। जनगणना पूरे देश में केंद्र सरकार के समन्वय से कराई जाएगी। इसके लिए राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों की सरकारें भी सहयोग करेंगी।

जनगणना-2027 में जातिगत आंकड़े शामिल किए जाने को सबसे बड़ा बदलाव माना जा रहा है। इससे देश की सामाजिक और जनसांख्यिकीय तस्वीर को नए तरीके से समझने में मदद मिल सकती है।