Faridabad/Alive News : स्वच्छ भारत मिशन और हरियाणा सरकार की गाइडलाइंस के तहत नगर निगम फरीदाबाद ने अपने अधिकार क्षेत्र की सभी आरडब्ल्यूए और गेटेड सोसाइटियों में स्रोत पर कचरा पृथक्करण अनिवार्य कर दिया है। इसमें गीला, सूखा और घरेलू खतरनाक कचरा शामिल होगा।
नगर निगम आयुक्त धीरेंद्र खड़गटा ने बताया कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2016 के तहत प्रत्येक कचरा उत्पादक को कचरे का पृथक्करण करना जरूरी है। प्रतिदिन 100 किलोग्राम या उससे अधिक कचरा या 300 लीटर से अधिक अपशिष्ट उत्पन्न करने वाली सोसाइटियों को बल्क वेस्ट जेनरेटर माना जाएगा, जिन्हें ऑन-साइट गीले कचरे का निपटान और सूखे व खतरनाक कचरे को अधिकृत एजेंसियों को सौंपना होगा।
नगर निगम ने आरडब्ल्यूए और गेटेड सोसाइटी प्रबंधन को अलग-अलग डस्टबिन की व्यवस्था, जागरूकता अभियान और नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, गीले कचरे की ऑन-साइट कम्पोस्टिंग अपनाने वाली सोसाइटियों को तकनीकी सहयोग दिया जाएगा। इसके लिए आईईसी एक्सपर्ट कल्पना मंडल (मो. 7888003687) से संपर्क किया जा सकता है।
नगर निगम ने इसे जनस्वास्थ्य और स्वच्छ, प्रदूषण-मुक्त फरीदाबाद की दिशा में अहम कदम बताया

