March 8, 2026

31 जनवरी से शुरु होगा सूरजकुंड मेला, पूर्वोत्तर राज्यों के व्यंजनों को चखने का मिलेगा मौका

Faridabad/Alive News: नए वर्ष में 31 जनवरी से 15 फरवरी तक आयोजित होने वाले 39वें सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय हस्तशिल्प मेले में देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को इस बार पूर्वोत्तर भारत के पारंपरिक व्यंजनों का खास स्वाद चखने का अवसर मिलेगा। मेले में पूर्वोत्तर राज्यों असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, नागालैंड और सिक्किम—की सांस्कृतिक व खानपान सहभागिता रहेगी।
इस वर्ष मेघालय और उत्तर प्रदेश को थीम स्टेट बनाया गया है, जबकि मिस्र को पार्टनर कंट्री घोषित किया गया है। दोनों थीम स्टेट के लिए चार-चार फूड स्टॉल लगाए जाएंगे। मेले की तैयारियों के तहत फूड कोर्ट परिसर का सौंदर्यीकरण किया जा रहा है। फूड कोर्ट में 100 से अधिक फूड स्टॉल होंगे। मेला परिसर में सफाई, लिपाई और मरम्मत का कार्य तेजी से जारी है।
फूड कोर्ट में मणिपुर के प्रसिद्ध व्यंजनों में सोयाबीन और अचार के साथ तैयार की गई मछली प्रमुख आकर्षण होगी। वहीं अरुणाचल प्रदेश के पारंपरिक व्यंजनों में एक लोकप्रिय मीठा नाश्ता मिलेगा, जिसे आमतौर पर त्योहारों और विशेष अवसरों पर परोसा जाता है। यह नाश्ता चावल के आटे और मसले हुए केले से तैयार पकौड़ों का होता है, जिन्हें गुड़ से मीठा किया जाता है।
थीम स्टेट मेघालय के प्रमुख व्यंजनों में सूखी मछली और उबली सब्जियों से बना पारंपरिक सूप भी फूड कोर्ट में उपलब्ध रहेगा, जो वहां बेहद लोकप्रिय है। इसके साथ ही दूसरे थीम स्टेट उत्तर प्रदेश के व्यंजनों में प्रसिद्ध लखनवी बिरयानी भी दर्शकों को आकर्षित करेगी।
मेले के नोडल अधिकारी हरविंद्र सिंह यादव ने बताया कि मेला परिसर में नई हट्स का निर्माण किया जा रहा है और फूड कोर्ट में विशेष रूप से सफाई व्यवस्था पर ध्यान दिया जा रहा है। फरीदाबाद गेट के पास स्थित फूड कोर्ट में विभिन्न राज्यों के साथ-साथ पूर्वोत्तर भारत के पारंपरिक व्यंजन पर्यटकों की पहली पसंद बनेंगे।