March 7, 2026

फ्रांस व बेल्जियम के शिक्षाविदों ने किया जीवा स्कूल का दौरा

Faridabad/Alive News: फरीदाबाद सेक्टर 21 बी स्थित जीवा पब्लिक स्कूल में बुधवार को बेल्जियम और फ्रांस से आए शिक्षकों ने स्कूल का दौरा किया, शिक्षकों के दल ने जीवा लर्निंग सिस्टम को समझा और अपने देशों में इसके दृष्टिकोण को लागू करने की इच्छा जताई। शिक्षकों के दल ने जीवा की अनूठी शिक्षण पद्धति की सराहना की जिसमें चरित्र निर्माण, जीवन जीने की कला, स्वाध्याय करके सीखो इत्यादि शामिल हैं। उन्होंने कहा कि जीवा का शिक्षण मॉडल एकेडमिक विकास के साथ – साथ छात्रों के मानवीय, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विकास पर भी केंद्रित है।

स्कूल के अध्यक्ष ऋषिपाल चौहान, शिक्षकों और छात्रों ने अतिथियों को जीवा के विभिन्न स्किल लैब्स, आयुर्वेदिक जीवन शैली, चरित्र निर्माण प्रोग्राम से परिचित कराया। इस दल ने छात्रों के साथ संवाद कर उनके अनुभव भी साझा किए और विद्यालय की समग्र शिक्षण पद्धति की प्रशंसा की। इस दौरे में कोच नतालिया समेत लाडीली, पैट्रिशिया, क्रिसटिरिया उपस्थित रहीं।

इस अवसर पर स्कूल के अध्यक्ष ऋषिपाल चौहान के साथ उपाध्यक्षा चंद्रलता चौहान एवं एकेडमिक हेड मुक्ता सचदेव भी उपस्थित रहीं स्कूल के अध्यक्ष ऋषिपाल चौहान ने सबको संबोधित करते हुए कहा कि जीवा लर्निंग सिस्टम केवल पढ़ाई नहीं, बल्कि जीवन जीने की कला सिखाता है। हमें गर्व है कि आज विदेशी प्रतिनिधि भी हमारे इस भारतीय मॉडल में रुचि दिखा रहे हैं।”

उन्होंने यह भी कहा कि मूल्य और ज्ञान हर व्यक्ति के जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक है, मनुष्य ने बहुत उन्नति की है, परंतु इसके साथ ही मन से शांति कहीं खो-सी गई है। इसका प्रमुख कारण यह है कि हम प्रकृति के विरुद्ध जाकर जीवन जीने लगे हैं। सुविधाओं की अंधी दौड़ में हम अपने जीवन को भले ही आसान और सफल बना रहे हों, लेकिन भीतर से असंतुलित होते जा रहे हैं। आवश्यकता इस बात की है कि हमारा ज्ञान और हमारी शिक्षा एक संतुलित दृष्टिकोण विकसित करें, जो हमारे व्यक्तिगत विकास के साथ साथ संपूर्ण समाज और प्रकृति के हित में भी लाभकारी सिद्ध हो। जीवा लर्निंग सिस्टम इन्हीं सूत्रों पर आधारित है।