March 8, 2026

सेक्टर 15 में आयोजित रामकथा में भगवान श्रीराम के विवाह के प्रसंग से जुड़े भक्तगण

Faridabad/Alive News: पद्मभूषण साध्वी ऋतंभरा ने कहा कि श्रीराम सभी उपेक्षितों के दाता हैं और श्रीराम जिसे स्वीकार कर लें वो परित्यक्त नहीं रह सकता। वह यहां सेक्टर 15 में आयोजित रामकथा में व्यासपीठ से प्रवचन कर रही थीं।

उन्होंने कहा कि भगवान को आपका भोग नहीं केवल भाव चाहिए। उन्होंने बताया कि किस प्रकार 30 साल पहले 2 कमरों में 24 नवजात बच्चों के साथ वात्सल्य ग्राम का प्रारंभ किया था। साध्वी ने बताया कि स्त्री की पूर्णता मातृत्व में है। मां भगवान की ओर से मानव जाति के लिए वात्सल्य का प्रसाद है। हम कितने बड़े हो जाएं मां की गोद में लेटते ही निर्बोझ हो जाते हैं।

साध्वी ऋतंभरा ने कहा कि भारत की परंपरा में ओल्ड एज होम की प्रस्तावना ही नहीं है। हम सभी को प्यार से अपनी छाती से लगाने वाले लोग हैं, क्या हमारे मां बाप हमें भारी लगने लगे हैं। उन्होंने बच्चों को धार्मिक शिक्षा देने के लिए भी प्रेरित किया। साध्वी ऋतंभरा ने कहा कि जो व्यक्ति दूसरे के मार्ग से कांटे बीन सकता है, वो किसी के मार्ग पर कांटे नहीं बिछा सकता। ऐसे भगवान श्रीराम के चरित से हम सीख लें।

इस अवसर पर मुख्य यजमान प्रेम पसरीचा, कैलाश शर्मा, अशोक गोगिया, अनिल मित्तल, गौतम चौधरी, चौ रत्न सिंह, अरुण बजाज, मनमोहन गुप्ता, बसंत विरमानी, श्रीकृष्ण सिंघल, बी आर सिंगला, सुरेन्द्र बंसल, टी पी माहेश्वरी, सुनीता बंसल, विनेश अग्रवाल आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।