Faridabad/Alive News : शनिवार को हुई झमाझम वर्षा से औद्योगिक नगरी के प्रमुख मार्गों पर जलभराव हो गया। इससे यह प्रमाणित हो गया। कि वर्षा में जल निकासी की योजना को फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण और नगर निगम मिलकर भी जमीन पर नहीं उतार पाए। जलभराव की स्थिति को खत्म करने के लिए दाेनाें विभाग ने 10 करोड़ रुपये खर्च भी किए है। यह राशि के राष्ट्रीय राजमार्ग के प्रमुख चौराहों पर लगाए गए रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम पर खर्च किया गया है। शनिवार को आई वर्षा ने दाेनाे विभागों को बताया कि उनके प्रयास जमीनी स्तर पर कितने असरदार रहे। ऐसे में आने वाले मानसून से निपटने के लिए दाेनाें विभागों को अपनी तैयारी और अधिक दुरुस्त करनी हाेगी।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर डूब गई सड़के वर्षा में राष्ट्रीय राजमार्ग के सभी चौराहे पूरी तरह से डूब गए। अजरौंदा चौक पर फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण की ओर से जलभराव से छुटकारे के लिए 1. 16 करोड़ रुपये खर्च कर दिए हैं। यहां हाईवे के नीचे 900 एमएम मोटाई वाला पाइप है। लेकिन फिर भी पानी निकासी नहीं हो सकी। चौक पर जलभराव की वजह से लाेगाें का निकलना मुश्किल हो गया। यही हाल गुडइयर चौक का भी रहा। नेशनल से पानी में डूब गई। यहां से निकलने में बाइक और स्कूटी चालक के साथ साथ बड़े वाहनों को भी निकलने में दिक्कत आई।
शहर के अंदर की सड़क भी हुई पानी लबालब वर्षा की वजह से शहर की अंदर की सड़क भी पानी से पूरी तरह से लबालब हो गई। कई कॉलोनियों में सीवर का पानी निकालकर सड़क पर आ गया। जवाहर कॉलोनी और डबुआ कॉलोनी में जलभराव की वजह से मार्केट पूरी तरह से बंद रही. इसस लाेगाें काे परेशान हुई। नाराज लोगों का कहना था कि निगम ने नालों की सफाई का काम काफी देर से शुरू किया। अब वर्षा की वजह से काम बीच में बंद करना पडे़गा। इसी तरह से जनता कॉलोनी, सेक्टर -23 सेक्टर -तीन, सात -आठ में भी भारी जलभराव हो गया। इसके साथ ओल्ड फरीदाबाद अंडरपास और एनएचपीसी अंडरपास में जलभराव तो हुआ। लेकिन पानी निकासी के लिए नई लाइन डाली गई है। इसके साथ ही पानी निकालने के लिए पंपिंग सेट भी लगाया गया है।
निगम की ओर से भी डिस्पोजल समय रहते ही शुरु कर दिए गए। जिसकी वजह से जलभराव कुछ ही समय में खत्म हो गया। जेई और एसडीओ को अपने अपने एरिया में विजिट करने के लिए कहा गया है।
– विवेक गिल, चीफ इंजीनियर, नगर निगम

