Delhi/Alive News: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उन्होंने ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को एक भयानक मौत से बचाया। ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा कि उन्हें खामेनेई के छिपने की जगह पता थी, लेकिन उन्होंने अमेरिका और इजराइल की सेनाओं को उन्हें मारने से रोक दिया। ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान अब भी गुस्से और दुश्मनी की राह पर है, जिससे उसकी सेना, अर्थव्यवस्था और भविष्य बर्बाद हो रहा है।
इजराइल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने भी कहा कि अगर खामेनेई उनकी पहुंच में होते, तो वे उन्हें मार देते। उन्होंने कहा कि इजराइल को इसके लिए किसी की इजाजत की जरूरत नहीं है।
वहीं, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान ने कहा कि इजराइल के हमलों का जवाब देना जरूरी था, वरना पूरे इलाके में बड़ा युद्ध छिड़ सकता था। उन्होंने बताया कि इजराइल ने ईरान की जमीन पर हमला किया था और ईरान ने संयुक्त राष्ट्र के नियमों के तहत जवाब दिया।
पजशकियान ने यह भी कहा कि अमेरिका और इजराइल ने ईरान की परमाणु सुविधाओं पर हमला करके अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन किया है, जबकि ये सुविधाएं IAEA की निगरानी में हैं। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र और IAEA से अपील की कि इजराइल के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं।
इसके साथ ही उन्होंने उन देशों का धन्यवाद किया जिन्होंने इजराइल के हमलों की निंदा की और बताया कि ईरान और यूरेशियन इकोनॉमिक यूनियन के बीच फ्री ट्रेड समझौता क्षेत्रीय आर्थिक सहयोग को बढ़ावा देगा।
ट्रंप का दावा: खामेनेई को मौत से बचाया, ईरानी राष्ट्रपति बोले- इजराइल के हमले का जवाब जरूरी था

