Faridabad/Alive News: सूरजकुंड में आयोजित तृतीय दिवाली मेले में पंजाबी संस्कृति और पारंपरिक परिधानों की झलक देखने को मिल रही है। मेले में दिल्ली के सरोजनी नगर से आए नील कमल के स्टॉल नंबर 236 पर फुलकारी साड़ी, पटियाला सूट, पंजाबी सूट और दुपट्टों की विभिन्न वैरायटी लोगों को आकर्षित कर रही हैं।
हरियाणा पर्यटन विभाग की ओर से ‘आत्मनिर्भर भारत, स्वदेशी मेला’ थीम पर आयोजित इस मेले में देशभर के शिल्पकार और व्यापारी अपने उत्पाद लेकर पहुंचे हैं। पंजाबी परिधानों पर पारंपरिक कढ़ाई और रंग-बिरंगे डिजाइन लोगों की पसंद बन रहे हैं।
नील कमल ने बताया कि उनके स्टॉल पर ग्राहकों की पसंद के अनुसार अलग-अलग रंगों और डिजाइनों में परिधान उपलब्ध हैं। पंजाबी दुपट्टों की कीमत 800 रुपये, फुलकारी साड़ी की कीमत 2,200 रुपये और पंजाबी सूट की कीमत 1,200 रुपये से शुरू होती है।
स्वदेशी उत्पादों को मिल रहा बढ़ावा
सूरजकुंड दिवाली मेले का उद्देश्य देश की पारंपरिक कला, संस्कृति, हस्तशिल्प और स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देना है। मेले में विभिन्न राज्यों के उत्पाद एक ही स्थान पर उपलब्ध होने से लोगों को खरीदारी के साथ देश की सांस्कृतिक विविधता को करीब से जानने का अवसर मिल रहा है।
पारंपरिक परिधानों के स्टॉल छोटे व्यापारियों को अपने उत्पादों के प्रचार-प्रसार और बिक्री के लिए मंच उपलब्ध करा रहे हैं। वहीं, ऐसे आयोजन भारतीय संस्कृति और पारंपरिक पहनावे को आगे बढ़ाने में भी अहम भूमिका निभा रहे हैं।

