September 23, 2026

फरीदाबाद में मुआवजे की मांग कर रहे किसानों को धरने से हटाया, पुलिस से झड़प; लाठीचार्ज का आरोप

फरीदाबाद के गांव सोतई में ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के जमीन मुआवजे को लेकर किसानों के धरने के दौरान पुलिस की कार्रवाई।

Faridabad/Alive News: आईएमटी क्षेत्र के गांव सोतई में ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के लिए जमीन के मुआवजे की मांग को लेकर धरने पर बैठे किसानों और पुलिस के बीच झड़प हो गई। बुधवार को पुलिस ने किसानों को धरनास्थल से हटाया। इस दौरान किसानों और पुलिस के बीच खींचतान हुई, जिसमें कई लोगों के चोटिल होने की जानकारी सामने आई है।

किसानों ने पुलिस पर लाठीचार्ज करने का आरोप लगाया है, जबकि प्रशासन ने लाठीचार्ज से इनकार किया है। अधिकारियों के अनुसार, किसानों को बस में बैठाकर मौके से हटाया जा रहा था। इसी दौरान हुई खींचतान में कुछ लोगों को चोटें आईं।

किसानों का कहना है कि वे पिछले 33 दिनों से जमीन के मुआवजे की मांग को लेकर धरने पर बैठे थे। उनका दावा है कि जमीन पर उनका कब्जा है और वे लंबे समय से यहां खेती करते आ रहे हैं। किसानों की मांग है कि पहले उन्हें जमीन का मुआवजा दिया जाए और उसके बाद ही निर्माण कार्य शुरू किया जाए।

किसानों ने पुलिस पर लाठीचार्ज का लगाया आरोप

किसानों के अनुसार, मंगलवार को प्रशासनिक अधिकारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और धरना समाप्त करने को कहा। किसानों ने इसका विरोध किया, जिसके बाद उन्हें वहां से हटाया गया। किसानों का आरोप है कि इस दौरान पुलिस ने बल प्रयोग किया और लाठीचार्ज किया, जिससे कई किसान घायल हो गए। उपलब्ध रिपोर्टों में घायलों की संख्या अलग-अलग बताई गई है। एक रिपोर्ट में 7 किसानों के चोटिल होने की जानकारी दी गई है।

प्रशासन ने लाठीचार्ज से किया इनकार

बल्लभगढ़ के एसडीएम मयंक भारद्वाज ने पुलिस की ओर से लाठीचार्ज किए जाने से इनकार किया है। उनके अनुसार, किसानों को बस में बैठाकर धरनास्थल से हटाया जा रहा था। इसी दौरान हुई खींचतान में कुछ लोगों को चोटें आईं। कार्रवाई के दौरान करीब 20 किसानों को हिरासत में लिए जाने की भी जानकारी सामने आई है।

पुलिस की मौजूदगी में शुरू हुआ निर्माण कार्य

बुधवार को गांव सोतई में भारी पुलिस बल की मौजूदगी में ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया। जानकारी के अनुसार, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की ओर से करीब 680 मीटर जमीन पर कब्जा लेने की प्रक्रिया शुरू की गई है।

जमीन के मुआवजे और मालिकाना हक को लेकर किसानों तथा प्रशासन के बीच विवाद पहले से चल रहा है। किसान मुआवजा मिलने तक निर्माण कार्य रोकने की मांग कर रहे हैं, जबकि बुधवार को पुलिस की मौजूदगी में निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया।