October 20, 2026

अरावली में कूड़ा डालने के विरोध में धरना जारी, दशहरा बाद फैसले की उम्मीद

फरीदाबाद के भाखरी में अरावली क्षेत्र में कूड़ा डालने के विरोध में धरने पर बैठे स्थानीय निवासी

Faridabad/Alive News: अरावली के हरित और पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र में कूड़ा डालने और डंपिंग यार्ड बनाने की योजना के विरोध में स्थानीय लोगों का आंदोलन जारी है। फरीदाबाद-गुरुग्राम रोड पर भाखरी के पास ग्रामीण और स्थानीय निवासी अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि अरावली में कूड़ा डालने की योजना को रद्द किया जाए।

धरने में भाखरी गांव, सैनिक कॉलोनी और अचीवर सोसाइटी के सैकड़ों लोग शामिल हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि अरावली में कचरा डालने से पर्यावरण को नुकसान पहुंचेगा और भूजल दूषित होने का खतरा बढ़ेगा। इससे आसपास के लोगों के स्वास्थ्य पर भी बुरा असर पड़ सकता है।

एक सप्ताह से जारी है विरोध

स्थानीय लोगों के अनुसार, भाखरी के पास कूड़ा डालने के विरोध में पिछले एक सप्ताह से प्रदर्शन चल रहा है। इससे पहले वार्ड-19 के पार्षद जगत सिंह भी ग्रामीणों के साथ धरने पर बैठे थे। करीब तीन दिन पहले पुलिस ने पार्षद समेत कई प्रदर्शनकारियों को धरना स्थल से हटा दिया था। इसके बावजूद लोग दोबारा एकजुट होकर धरने पर बैठ गए।

प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक अरावली में कूड़ा डालने की योजना रद्द नहीं होती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

दशहरा के बाद फैसले की उम्मीद

इस मामले को लेकर नगर निगम और जिला प्रशासन के अधिकारियों के बीच चर्चा चल रही है। सूत्रों के मुताबिक, दशहरा के बाद इस मुद्दे पर कोई बड़ा फैसला लिया जा सकता है। वहीं, प्रदर्शनकारियों के बीच दोबारा पुलिस कार्रवाई की आशंका को लेकर भी चर्चा है।

नगर निगम की स्थिति पर नजर

नगर निगम के अधीक्षण अभियंता ओमवीर सिंह ने बताया कि फिलहाल धरना स्थल से लोगों को हटाने का कोई नया फैसला नहीं लिया गया है। निगम प्रशासन पूरे मामले पर नजर रख रहा है।

दूसरी ओर, स्थानीय निवासियों ने साफ किया है कि जब तक अरावली में कूड़ा डालने पर रोक लगाने और डंपिंग यार्ड की योजना पर पुनर्विचार करने की मांग पूरी नहीं होती, तब तक धरना जारी रहेगा। अब लोगों की नजर दशहरा के बाद प्रशासन की ओर से लिए जाने वाले फैसले पर है।