Delhi/Alive News: उत्तरकाशी के धराली गांव में हुए हादसे का आज चौथा दिन है। अभी भी 100 से 150 लोग लापता हैं, वे मलबे में दबे हो सकते हैं। पूरी तरह से रेस्क्यू शुरू होने में 4 दिन और लग सकते हैं।
धराली गांव के 80 एकड़ में 20 से 50 फीट तक मलबा फैला है। इसे हटाने के लिए सिर्फ 3 जेसीबी मशीनें हैं। मलबे के नीचे दबे लोगों की तलाश के लिए हाईटेक थर्मल सेंसिंग उपकरण और बड़ी मशीनें चाहिए, लेकिन ये सामान 60 किमी दूर भटवाड़ी में 2 दिन से अटका हुआ है।
उत्तरकाशी से गंगोत्री तक एक ही सड़क है, जो धराली से गुजरती है। हर्षिल से धराली की 3 किमी की सड़क 4 जगह पर 100 से 150 मीटर तक खत्म हो चुकी है। भटवाड़ी से हर्षिल तक तीन जगह लैंडस्लाइड और एक पुल टूटा है। ऐसे में धराली तक सड़क खुलने में 3-4 दिन और लग सकते हैं।
उत्तरकाशी जिले के धराली में 5 अगस्त को दोपहर 1.45 बजे बादल फट गया था। खीर गंगा नदी में बाढ़ आ गई। तेज रफ्तार पानी के साथ आए मलबे ने 34 सेकेंड में धराली गांव को जमींदोज कर दिया था। अब तक 5 मौतों की पुष्टि हो चुकी है। 70 लोगों का रेस्क्यू किया गया है।

