March 20, 2026

फॉर्म-6 जमा करने की तारीख बढ़ाने पर विवाद, अभिभावक मंच ने शिक्षा निदेशक पर उठाए सवाल

Faridabad/Alive News: हरियाणा में प्राइवेट स्कूलों से जुड़े फॉर्म-6 जमा करने की तारीख को लेकर विवाद सामने आया है। हरियाणा अभिभावक एकता मंच ने शिक्षा निदेशक पर नियमों का पालन न करने का आरोप लगाया है और मुख्यमंत्री व शिक्षा मंत्री को पत्र लिखकर शिकायत की है।

मंच का कहना है कि नियम के अनुसार सभी प्राइवेट स्कूलों को हर साल 1 फरवरी तक फॉर्म-6 भरकर ऑनलाइन जमा करना होता है और इसकी हार्ड कॉपी जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) कार्यालय में देनी होती है। लेकिन शिक्षा निदेशक हर साल मार्च में नोटिस जारी करते हैं और बाद में इसकी तारीख अप्रैल-मई तक बढ़ा दी जाती है।

मंच के प्रदेश महासचिव कैलाश शर्मा और लीगल एडवाइजर एडवोकेट बीएस बिरदी का आरोप है कि पिछले 5 साल से ऐसा किया जा रहा है, जिससे प्राइवेट स्कूलों को फायदा मिलता है। उन्होंने कहा कि यह नियमों के खिलाफ है और इसकी जांच होनी चाहिए।

मंच के पदाधिकारियों का कहना है कि नियम के अनुसार जो स्कूल 1 फरवरी तक फॉर्म-6 जमा नहीं करते या गलत जानकारी देते हैं, वे फीस नहीं बढ़ा सकते। इसके अलावा, सही फॉर्म जमा करने के बाद भी स्कूल तब तक फीस नहीं बढ़ा सकते, जब तक शिक्षा निदेशक उसकी जांच कर मंजूरी न दे दें।

फॉर्म-6 में स्कूलों को अपनी फीस, स्टाफ की सैलरी, और छात्रों को दी जाने वाली सुविधाओं की पूरी जानकारी देनी होती है। इसके साथ बैलेंस शीट और ऑडिट रिपोर्ट भी जमा करना जरूरी होता है।

मंच ने सरकार से इस मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने और नियमों का सख्ती से पालन करवाने की मांग की है।