Prabhjot/Alive News
Faridabad : एनआईटी-86 विधानसभा में सरकार बदली, विधायक बदले, वार्ड बदले और अब पार्षद भी बदले, लेकिन नही बदले तो सिर्फ क्षेत्र के वार्डो के हालात। एनआईटी की डबुआ कॉलोनी के पी.पी कॉन्वेंट स्कूल से लेकर मानव सेवा स्कूल तक की सड़क के हालात पिछले दो दशक से नहीं बदले हैं। इस दौर में आये जनप्रतिनिधि ने जनता से बड़े बड़े वायदे किये और सत्ता पर काबिज हो गये। और जीतने के बाद मूलभूत सुविधा तक देना भूल गये।
आज वार्ड-11 में डबुआ गांव से लेकर मानव सेवा स्कूल तक जाने वाली सड़क अपनी दुर्दशा की कहानी स्वयं बयां कर रही हैं। इस सड़क से डबुआ, गाजीपुर, उड़िया कॉलोनी से लेकर अलग-अलग क्षेत्र के हजारों लोग हर रोज आवागमन करते है और सड़क में बने गड्ढे और जलभराव लोगों के लिए जी का जंजाल बना हुआ है। इस सड़क से कई निजी और एक सरकारी स्कूल भी लगता है। इस सड़क में खुले सीवर के ढक्कन, जगह – जगह जलभराव, नाले की सफाई ना होना, एनआईटी विधानसभा के जनप्रतिनिधि के लिए बड़े सवाल खड़े कर रहा है।

हालांकि हरियाणा सरकार सीवर की सफाई, खुले ढक्कन, पीने का पानी और नालों की सफाई से लेकर सड़क निर्माण तक को जन अधिकार के तहत मानते हुए सुविधा देने के दावे कर रही है। लेकिन यहां की स्थिति दावों के विपरित है। इस सड़क के हालात दयनीय बने हुए हैं। यह सड़क दो विभागों में बटी है, जिसमें एफएमडीए 24 इंच की सीवर लाइन की सफाई और मरम्मत का कार्य देखता है, जबकि नगर निगम सड़क की मरम्मत और नाले की सफाई का काम देखता है। ये सड़क दो विभागों के बीच फंसकर रह गई है।
इसी सड़क का इस्तेमाल हर रोज हजारों स्कूली बच्चे करते है और सड़क पर जलभराव होने की वजह से गड्ढे दिखाई नहीं देते और गड्डी की वजह से पैदल आवागमन करने वाले बच्चें, दोपहिया वाहन चालक तक पानी में गिर रहे हैं। ऊपर से नाले खुले होने की वजह से बड़ा खतरा बना हुआ है।
क्या कहना है स्थानीय निवासियों का
पी पी स्कूल के पास से सड़क नरक बनी हुई है। पूरे साल यहां पर घुटनों तक पानी भरा रहता है। हर वक्त कीचड़ रहता है। नाले खुले होने के कारण बड़ा खतरा बना हुआ है और इस नाले में लोगों के साथ साथ अब आवारा जानवर भी गीर चुके हैं। जल्द समाधान होना चाहिए।
-रघुराज, स्थानीय निवासी।
चुनाव के वक्त तो सभी नेता बड़े-बड़े वादे कर के जाते है। लेकिन चुनाव के बाद अभी तक कोई भी इस सड़क के हालात देखने के लिए नहीं पहुंचा। हम लोग नर में जी रहे हैं।
–रामपाल, स्थानीय निवासी।
बिना बरसात के भी इस सड़क पर पानी भरा रहता है। उन्होंने बताया कि कुछ दिनों पहले ही निजी स्कूल का एक बच्चा जलभराव होने के कारण खुले नाले में गिर गया। बच्चें को आसपास के लोगों ने बड़ी मशक्कत से निकला था। आए दिन खुले नालों में आवारा पशु भी गिर रहै हैं। गंदगी और पानी जमा होने के कारण मच्छर पैदा हो रहे है। यहां आसपास के इलाकों में डेंगू, मलेरिया जैसी बीमारियां फैलने का भी खतरा बना है।
-दीपक मिश्रा, आरटीआई एक्टिविस्ट व स्थानीय निवासी।
हमारे बच्चें स्कूल आने जाने में बहुत परेशान हो रहे हैं। कई बार हमारे बच्चें नाले में गिर चुके हैं। सड़क पर हमेशा जलभराव के कारण बच्चे प्रॉपर स्कूल यूनिफॉर्म में जा पाते हैं, इसकी वजह से बच्चों का डिसिप्लिन भी बिगड़ा रहा है। सड़क टूटी है, सीवर के ढक्कन और नाला खुला है। शिकायत देने के बाद भी कोई समाधान नही है।
-बिनू, स्थानीय निवासी।
यह चलता हुआ मेन रोड है जिसकी वजह से वाहन चालकों को आवागमन में दिक्कत होती है और कई बार तो गिर कर चोटिल भी हो जाते है। प्रशासन की लापरवाही अगर इसी तरह चलती रही तो किसी दिन कोई बड़ा हादसा जरूर होगा। फिर उसके बाद प्रशासन की आंखे खुलेंगी। मेरी प्रशासन से यही गुजारिश है कि इस सड़क पर जल्द से जल्द संज्ञान ले और समस्या का समाधान करें। ताकि हजारों लोगों को राहत मिल सके।
-विमल कुमार, स्थानीय निवासी।
क्या कहना है अधिकारी का
समय-समय पर हम नाले की सफाई करवाते हैं। सड़क पर अगर गड्ढे है तो उनको जल्द से जल्द भरवाया जाएंगा। सीवर की सफाई और ढक्कन ठीक करने का काम एफएमडीए के अंतर्गत आता हैं।
-सतपाल, कार्यकारी अभियंता- नगर निगम फरीदाबाद।

